शराब घोटाला मामलें में मनीष सिसोदिया से कल CBI करेगी पूछताछ, बोले- मैं हमेशा जांच में सहयोग करूंगा

  1. Home
  2. दिल्ली

शराब घोटाला मामलें में मनीष सिसोदिया से कल CBI करेगी पूछताछ, बोले- मैं हमेशा जांच में सहयोग करूंगा

शराब घोटाला मामलें में मनीष सिसोदिया से कल CBI करेगी पूछताछ, बोले- मैं हमेशा जांच में सहयोग करूंगा

दिल्ली आबकारी घोटाला मामले में रविवार को सीबीआई उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया से पूछताछ करेगी


पब्लिक न्यूज़ डेस्क। दिल्ली आबकारी घोटाला मामले में रविवार को केंद्रीय अंवेषण ब्यूरो (सीबीआई) उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया से पूछताछ करेगी। यह पूछताछ सीबीआई के दिल्ली स्थित मुख्यालय में होगी। इस खबर की पुष्टि सीबीआई के सूत्रों ने की है।

इसे लेकj मनीष सिसोदिया ने भी ट्वीट किया है। उन्होंने लिखा, 'सीबीआई ने कल फिर बुलाया है। मेरे खिलाफ इन्होंने CBI, ED की पूरी ताकत लगा रखी है, घर पर रेड, बैंक लॉकर तलाशी, कहीं मेरे खिलाफ कुछ नहीं मिला। मैंने दिल्ली के बच्चों के लिए अच्छी शिक्षा का इंतजाम किया है। ये उसे रोकना चाहते हैं। मैंने जांच में हमेशा सहयोग किया है और करूंगा।'

शराब घोटाला मामले में मनीष सिसोदिया से पहले भी कई बार पूछताछ हो चुकी है। इस मामले में ईडी भी जांच कर रही है और अब तक किसी भी आरोपपत्र में मनीष सिसोदिया का नाम नहीं आया है।

ईडी भी कर रही मामले की जांच

प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने कथित आबकारी नीति घोटाले से संबंधित धनशोधन मामले में पांच लोगों के अलावा सात कंपनियों के खिलाफ पूरक आरोपपत्र जनवरी में दाखिल किया था। ईडी की ओर से दायर दूसरे आरोपपत्र में भी उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया का नाम शामिल नहीं है। मामले में दर्ज प्राथमिकी में सिसोदिया का नाम है। 

राउज एवेन्यू कोर्ट के विशेष न्यायाधीश एमके नागपाल की अदालत में दाखिल पूरक आरोपपत्र में विजय नायर, शरत रेड्डी, बिनय बाबू, अभिषेक बोनपल्ली व अमित अरोड़ा को आरोपी बनाया गया है।इस मामले में उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया भी आरोपी हैं। ईडी अभी तक इस मामले में सिसोदिया के खिलाफ आरोप पत्र दाखिल नहीं किया है, लेकिन कहा है कि मामले की जांच अभी भी जारी है। आबकारी नीति में वित्तीय अनियमितता का आरोप लगाए जाने के बाद इस नीति को रद्द कर दिया गया था।

इस मामले में ईडी ने दूसरा आरोपपत्र दाखिल किया है, जो धनशोधन रोकथाम कानून (पीएमएलए) की विभिन्न धाराओं के तहत दर्ज की गई है। पहला आरोपपत्र पिछले साल नवंबर में दाखिल किया गया था। अब तक गिरफ्तार लोगों सहित कुल 12 को इस आरोपपत्र में नामजद किया गया है। धनशोधन का यह मामला सीबीआई की एक प्राथमिकी पर आधारित है।